लव जिहाद और अवैध धर्मांतरण पर सीएम योगी सख्त, बोले—बेटियों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं

लव जिहाद और अवैध धर्मांतरण पर सीएम योगी सख्त, बोले—बेटियों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं

हरियाणा के सोनीपत जिले के मुरथल स्थित बाबा नागे वाला धाम में आयोजित नाथ संप्रदाय के मूर्ति प्राण-प्रतिष्ठा एवं आठ मान भंडारा कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लव जिहाद और अवैध धर्मांतरण के मामलों पर कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि बेटियों के साथ किसी भी तरह का खिलवाड़ अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज को जागरूक रहना होगा और ऐसी साजिशों के खिलाफ संत समाज को भी आगे आकर भूमिका निभानी होगी। उन्होंने चेतावनी दी कि धर्म की आड़ में सनातन धर्म को कमजोर करने की कोशिश करने वाले तत्व आज भी सक्रिय हैं, जिनसे सावधान रहने की जरूरत है।

सनातन और राष्ट्र सर्वोपरि

सीएम योगी ने कहा कि एक योगी, संत या संन्यासी के लिए धर्म और राष्ट्र से बड़ा कुछ नहीं होता। धर्म उसकी पहचान है और राष्ट्र उसका स्वाभिमान। यदि कोई राष्ट्र के सम्मान को चुनौती देता है, तो उसके विरुद्ध खड़ा होना ही सनातन परंपरा का मूल धर्म है। उन्होंने डेमोग्राफी बदलने की साजिश, अवैध धर्मांतरण और लव जिहाद के नाम पर हो रही गतिविधियों को पूरी शक्ति और सतर्कता के साथ रोकने की बात कही।

उन्होंने 2009 में केरल हाईकोर्ट की एक टिप्पणी का उल्लेख करते हुए कहा कि आज देश के कई हिस्सों में इसी तरह के संगठित प्रयास दिखाई दे रहे हैं। साथ ही उन्होंने संयुक्त परिवार की परंपरा के कमजोर होने पर चिंता जताते हुए इसे पुनर्जीवित करने की आवश्यकता बताई।

सनातन, समाज और राष्ट्र का आपसी संबंध

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि धर्म केवल पूजा-पाठ तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सामाजिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक उत्थान का मार्ग है। नाथ पंथ की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि यह भारत की प्राचीन आध्यात्मिक परंपराओं में से एक है, जिसने समाज को जोड़ने और राष्ट्र को दिशा देने का कार्य किया है।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की परिकल्पना के साकार होने की बात कही और कहा कि अमृत काल में भारत फिर से अपने गौरव की ओर बढ़ रहा है। सनातन धर्म मजबूत होगा, तो विश्व मानवता के कल्याण का मार्ग भी सुदृढ़ होगा।

आस्था के साथ सुरक्षा और विकास

मुख्यमंत्री ने अयोध्या, काशी और प्रयागराज का उदाहरण देते हुए कहा कि आज देश के धार्मिक स्थलों पर रिकॉर्ड संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। यह सब सुरक्षित, सुव्यवस्थित और भयमुक्त माहौल में संभव हो पा रहा है। प्रयागराज में मौनी अमावस्या के दिन करोड़ों श्रद्धालुओं द्वारा संगम स्नान इसका जीवंत प्रमाण है।

हजार साल भारत और सनातन के होंगे

सीएम योगी ने विश्वास जताया कि आने वाले एक हजार साल भारत और सनातन धर्म के होंगे। इसके लिए समाज के हर वर्ग को मिलकर काम करना होगा। उन्होंने युवाओं को नशे से दूर रखने और सीमा पार से आने वाले ड्रग्स को देश को कमजोर करने की साजिश बताते हुए इसके खिलाफ एकजुट होने का आह्वान किया।

उन्होंने जल संरक्षण, नदियों की पवित्रता और सरस्वती नदी के पुनर्जीवन प्रयासों की भी सराहना की और इसे सनातन चेतना का अभिन्न हिस्सा बताया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने हवन-आरती में भाग लिया और आयोजकों को सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर संत समाज, जनप्रतिनिधि और देशभर से आए श्रद्धालु बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।