आम आदमी पार्टी (AAP) में एक बार फिर अंदरूनी मतभेद सामने आए हैं। राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा को पार्टी के उपनेता पद से हटाने के फैसले के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। इस फैसले के बाद चड्ढा ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि “खामोश किया गया हूं, लेकिन हारा नहीं हूं” और इसे आम आदमी के लिए संदेश बताया।
राघव चड्ढा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर वीडियो जारी कर कहा कि उन्होंने संसद में ऐसे मुद्दे उठाए जो आमतौर पर नहीं उठाए जाते। उन्होंने सवाल किया कि क्या जनता से जुड़े मुद्दों को उठाना गलत है। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी आवाज को कुछ समय के लिए दबाया जा सकता है, लेकिन उनका संकल्प कमजोर नहीं होगा।
सूत्रों के अनुसार, आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा सचिवालय को पत्र लिखकर राघव चड्ढा को उपनेता पद से हटाने का अनुरोध किया है। उनकी जगह पंजाब से सांसद अशोक मित्तल को नया उपनेता बनाने का प्रस्ताव दिया गया है। साथ ही यह भी बताया गया है कि चड्ढा को संसद में पार्टी की ओर से बोलने का समय सीमित करने की बात कही गई है।
बताया जा रहा है कि राघव चड्ढा, जो पहले अरविंद केजरीवाल के करीबी माने जाते थे, हाल के समय में सार्वजनिक कार्यक्रमों में कम नजर आ रहे थे। ऐसे में उनके पद से हटाए जाने के फैसले को पार्टी के अंदर चल रही खींचतान से जोड़कर देखा जा रहा है।
देश के युवा नेताओं में गिने जाने वाले राघव चड्ढा ने आम आदमी पार्टी को दिल्ली और पंजाब में मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। वहीं, नए उपनेता के रूप में प्रस्तावित अशोक मित्तल ने कहा है कि वे संसद में पार्टी की नीतियों और राष्ट्रीय हितों को मजबूती से आगे बढ़ाएंगे।
राघव चड्ढा को उपनेता पद से हटाया गया, बोले – खामोश हूं, पर हारा नहीं