सुलग उठी पेरिस की सड़कें: महंगाई और पेंशन को लेकर फ्रांस में फूटा 4.10 लाख लोगों का गुस्सा, पुलिस पर पथराव, आंसू गैस के गोले दागे
द जागरण न्यूज डेस्क, पेरिस: यूरोपीय देश फ्रांस एक बार फिर जनआक्रोश की आग में सुलग उठा है। बढ़ती महंगाई, शिक्षा बजट में कटौती और वेतन-पेंशन से जुड़ी मांगों को लेकर शनिवार को पूरे फ्रांस में करीब 4 लाख 10 हजार लोग सड़कों पर उतर आए। राजधानी पेरिस में ही 1 लाख 10 हजार से अधिक लोग हुजूम की शक्ल में सरकार के खिलाफ विरोध दर्ज कराने पहुंचे।
दिन की शुरुआत में शांतिपूर्ण दिख रहा यह विरोध प्रदर्शन मार्च के अंत तक पहुंचते-पहुंचते अचानक बेहद उग्र और हिंसक झड़प में तब्दील हो गया। उपद्रवियों ने कई जगहों पर आगजनी की और सुरक्षाबलों पर जमकर पथराव किया। हालात बेकाबू होते देख पुलिस को भीड़ को खदेड़ने के लिए आंसू गैस के गोले दागने पड़े और लाठीचार्ज करना पड़ा।
पिछले सप्ताह हुई हिंसा के मद्देनजर इमैनुएल मैक्रों सरकार ने पहले ही पूरे देश में 70,000 सुरक्षाकर्मियों की भारी तैनाती कर रखी थी। इसके बावजूद उपद्रवियों और पुलिस के बीच पेरिस सहित कई बड़े शहरों में सीधी भिड़ंत हुई। पुलिस ने एक्शन लेते हुए मौके से 130 से अधिक उपद्रवियों को हिरासत में ले लिया है।
फ्रांस की जनता का आरोप है कि सरकार जनहित और सार्वजनिक सुविधाओं के बजट में लगातार कटौती कर रही है, जिससे आम आदमी का जीना मुहाल हो गया है। यह प्रदर्शनों का दूसरा दौर था, और प्रदर्शनकारियों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो यह आंदोलन और अधिक विकराल रूप लेगा।