बिहार के भ्रष्ट इंजीनियर !!

बिहार के भ्रष्ट इंजीनियर !!

तोशक के नीचे बिछा था 50 लाख का 'कैश': बिहार के भ्रष्ट इंजीनियर के ससुराल में EOU की महा-रेड, नोट गिनने पेट्रोल पंप से मंगानी पड़ी मशीन!

पटना (The Jagran News):

बिहार में भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) का हंटर लगातार चल रहा है। ताजा मामले में मुंगेर में पदस्थापित योजना एवं विकास विभाग के कार्यपालक अभियंता नारद कुमार दास, उनकी पत्नी सुस्मिता सुमन और सास बीणा विद्यार्थी पर शिकंजा कसा गया है। ईओयू ने एक साथ पटना, मुजफ्फरपुर, मुंगेर और भागलपुर स्थित 5 ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की, जहां करोड़ों की काली कमाई का खुलासा हुआ है।

जांच एजेंसी की आंखें उस वक्त फटी रह गईं जब मुजफ्फरपुर स्थित ससुराल में बिस्तर के गद्दे (तोशक) के नीचे छिपाकर रखे गए ₹50.50 लाख के 500-500 के नोटों के बंडल बरामद हुए। कैश इतना अधिक था कि गिनती के लिए नजदीकी पेट्रोल पंप से नोट गिनने की मशीन मंगवानी पड़ी। दिलचस्प बात यह है कि आरोपी इंजीनियर ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के संपत्ति घोषणा पत्र में बैंक में केवल ₹15 लाख और हाथ में महज ₹77 हजार नकद होना दिखाया था।

छापेमारी में बेनामी संपत्तियों का खुलासा:

  • मुजफ्फरपुर (ससुराल): तोशक के नीचे ₹50.50 लाख नकद, डुमरी में पत्नी के नाम ₹25.50 लाख की जमीन और रिटेल कंपनी में भारी निवेश।

  • दानापुर (पटना): सास के नाम पर करीब ₹1.5 करोड़ की 3.9 डिसमिल प्राइम लैंड।

  • मुंगेर (आवास व दफ्तर): ₹1.70 लाख कैश, ₹30 लाख के सोने-चांदी के जेवरात, कार और बाइक बरामद।

  • भागलपुर (पैतृक घर): खुटहा में पत्नी के नाम ₹20 लाख की जमीन और ₹5 लाख के आभूषणों की रसीदें मिलीं।

जांच में सामने आया है कि 12 साल में ₹1.11 करोड़ का वेतन पाने वाले इस इंजीनियर के पास वैध आय से 64.93% (करीब ₹83.53 लाख) अधिक की अनुपातहीन संपत्ति है। टेंडर और बिल पास करने के एवज में वह 10% का फिक्स कमीशन वसूलता था और यह रकम 3-4 फर्जी खातों में घुमाकर पत्नी के खाते में डाली जाती थी। ईओयू ने खातों में जमा ₹17.15 लाख तुरंत फ्रीज कर दिए हैं और तीनों आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।