झारखंड पेपर लीक: JPSC Scam: कोचिंग संचालक के दो भाई गिरफ्तार, सेटिंग से बने थे FRO और ACF

झारखंड पेपर लीक: JPSC Scam: कोचिंग संचालक के दो भाई गिरफ्तार, सेटिंग से बने थे FRO और ACF

JPSC भर्ती धांधली में CID का बड़ा एक्शन: कोचिंग संचालक के दो भाई गिरफ्तार, सेटिंग से बने थे FRO और ACF; 58 दिनों में 25 सलाखों के पीछे

रांची: झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) भर्ती परीक्षा धांधली की जांच कर रही सीआईडी ने बड़ा खुलासा करते हुए दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी लालपुर स्थित कोचिंग संस्थान 'शिवांगन की पाठशाला' के संचालक संजीत कुमार के ममेरे भाई ऋतिक रौशन और चचेरे भाई पंकज प्रसून हैं। जांच में सामने आया है कि दोनों ने संगठित गिरोह और संजीत कुमार के जरिए साठगांठ कर परीक्षा पास की थी। ऋतिक सेटिंग के दम पर फॉरेस्ट रेंज अफसर (FRO) और पंकज प्रसून असिस्टेंट कंजर्वेटर ऑफ फॉरेस्ट (ACF) बना था।

संजीत कुमार की रिमांड के दौरान पूछताछ और जब्त दस्तावेजों से इन दोनों भाइयों के नाम उजागर हुए। जांच एजेंसी अब यह पता लगा रही है कि परीक्षा पास कराने के लिए कितनी रकम का लेन-देन हुआ और ओएमआर शीट से लेकर परीक्षा केंद्र तक किन अधिकारियों व बिचौलियों ने मदद पहुंचाई। JPSC मामले में सीआईडी पिछले 58 दिनों में पूर्व अध्यक्ष, परीक्षा नियंत्रक, एजेंसी निदेशकों से लेकर दलालों और अवैध रूप से चयनित अभ्यर्थियों समेत 25 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है।

उधर, JSSC-CGL भर्ती परीक्षा में भी सीआईडी ने देवघर के रिखिया थाना क्षेत्र से सचिवालय क्लर्क सुधाकर कुमार को धर दबोचा। मूल रूप से बिहार के बांका निवासी सुधाकर के ठिकाने से अभ्यर्थियों के ब्लैंक चेक, मूल शैक्षणिक प्रमाण पत्र और संदिग्ध दस्तावेज बरामद हुए हैं। आरोप है कि उसने छात्रों को परीक्षा पास कराने के एवज में ये कागजात गिरवी रखे थे और पेपर लीक करवाकर गुप्त ठिकानों पर सवाल-जवाब रटवाने में उसकी सीधी भूमिका थी।