JSSC CGL Paper Leak: अभ्यर्थियों को पास कराने का ठेका लेने वाला दलाल राजन रांची से गिरफ्तार, नेपाल और बंगाल में रटवाए गए थे उत्तर
रांची: झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की संयुक्त स्नातक स्तरीय (CGL) परीक्षा फर्जीवाड़े की जांच कर रही 17 सदस्यीय CID SIT ने बड़ी सफलता हासिल की है। सीआईडी ने पटना निवासी मुख्य दलाल राजन कुमार को रांची से गिरफ्तार कर लिया है। राजन पर अभ्यर्थियों से मोटी रकम लेकर परीक्षा पास कराने का ठेका लेने का संगीन आरोप है।
पूछताछ में राजन ने बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि पश्चिम बंगाल के नियामतपुर स्थित एक होटल में कई अभ्यर्थियों को प्रश्नों के उत्तर रटवाए गए थे। जांच में सामने आया कि गिरोह अभ्यर्थियों को बोकारो से नेपाल तक ले गया था, जहां उन्हें 135 सवालों के उत्तर रटवाए गए और परीक्षा में इनमें से 120 सवाल हूबहू मैच हुए। राजन के बैंक खातों से अभ्यर्थियों के साथ भारी वित्तीय लेन-देन और ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के पुख्ता सबूत मिले हैं।
सीआईडी जांच के मुताबिक परीक्षा संचालन का मूल जिम्मा 'वेबेल' को मिला था, जिसने 'आईसीएसएन' एजेंसी को शामिल किया। एजेंसी के कर्मियों और संचालक मिथिलेश सिंह की मिलीभगत से प्रश्नपत्र लीक कर दलालों तक पहुंचाया गया। सिंडिकेट ने प्रत्येक अभ्यर्थी से 12 से 20 लाख रुपये वसूले थे।
आंदोलन के बाद शुरू हुई जांच में अब तक 8 सफल अभ्यर्थियों, एजेंसी के 2 कर्मियों और मुख्य दलाल राजन समेत कुल 11 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। वहीं, गुमला के सिसई में तैनात प्रखंड कल्याण पदाधिकारी (BWO) कुंदन कुमार को भी सीआईडी रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी।