भारतीय खरीदार को अब चाहिए बड़े और महंगे मकान !!

भारतीय खरीदार को अब चाहिए बड़े और महंगे मकान !!

नई दिल्ली/मुंबई (The Jagran News):

देश के रियल एस्टेट और हाउसिंग फाइनेंस सेक्टर में एक बड़ा ट्रेंड देखने को मिल रहा है। भारतीय खरीदार अब छोटे मकानों की तुलना में बड़े और महंगे घरों को ज्यादा तरजीह दे रहे हैं। क्रेडिट ब्यूरो 'क्रिफ हाई मार्क' (CRIF High Mark) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, ₹50 लाख से अधिक के होम लोन खातों में सालाना 21.8% की तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जबकि ₹10 लाख तक के छोटे होम लोन खातों की संख्या महज 0.3% सालाना की दर से ही बढ़ पाई है।

अगस्त 2021 से अगस्त 2026 के बीच देश का कुल बकाया होम लोन ₹24.2 लाख करोड़ से बढ़कर सीधे ₹46.1 लाख करोड़ के पार पहुंच गया है।

छोटे कर्ज में युवाओं की छलांग, महिलाओं की हिस्सेदारी स्थिर

इस बदलते दौर में सबसे चौंकाने वाला आंकड़ा 30 साल से कम उम्र के युवाओं को लेकर सामने आया है।

  • ₹25 लाख तक के छोटे होम लोन लेने वाले युवाओं की हिस्सेदारी तीन साल में दोगुनी हो गई है—साल 2023 के 7.7% के मुकाबले अब यह 15.9% पर पहुंच चुकी है।

  • छोटे कर्जों में महिलाओं की हिस्सेदारी 31.4% के साथ लगभग स्थिर बनी हुई है।

  • उत्तर प्रदेश और राजस्थान जैसे राज्यों में छोटे होम लोन की बकाया रकम राष्ट्रीय औसत से कहीं अधिक रफ्तार से बढ़ रही है।

महंगे घर और निर्माण लागत ने बढ़ाया लोन का दायरा

सर्वे में 64% वरिष्ठ अधिकारियों का मानना है कि जमीन और निर्माण सामग्री की बढ़ती कीमतों के कारण लोगों को मजबूरी में ₹25 लाख से ज्यादा का कर्ज लेना पड़ रहा है। वहीं, 21% ने बड़े घर और आधुनिक सुविधाओं की चाहत को इसकी प्रमुख वजह बताया। हालांकि बाजार की जरूरत को देखते हुए बिल्डरों ने भी अपनी रणनीति बदली है और ₹40 लाख से सस्ते घरों की नई पेशकश 6% से बढ़कर 14% हो गई है।